देहरादून/चमोली। सोमवार को स्थानीय ठेकेदारों ने लोक निर्माण विभाग थराली में आपदा में किए कार्यों के भुगतान नहीं होने को लेकर लोक निर्माण विभाग के खिलाफ मोर्चा खोला।
स्थानीय ठेकेदार अब्बल सिंह पिमोली ने बताया कि बीते 22 अगस्त की रात आई भीषण प्राकृतिक आपदा में बंद सड़कों को शीघ्र खुलवाने के लिए प्रशासन ने बिना देरी किए विभागीय अधिकारियों से समन्वय बनाते हुए ठेकेदारों की मशीनों और डंपरों की मदद से बंद पड़ी सड़़के तो खुलवाई थी,लेकिन आपदा के 6 महीने बीत जाने के बाद भी आजतक ठेकेदारों के आपदा के दौरान किये कार्यों का भुगतान नहीं किया गया हैं।
स्थानीय ठेकेदारों ने भुगतान नहीं होने पर पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आज लोक निर्माण विभाग थराली में तालाबंदी का एलान किया था,जिसकी सूचना मिलने पर पुलिस टीम व प्रशासन से तहसीलदार थराली अक्षय पंकज ने मौके पर पहुंच कर ठेकेदारों की मांग सुनी।

क्षेत्र पंचायत सदस्य- चौड़ (देवाल) हरेंद्र कोटेड़ी व अन्य ठेकेदारों ने तहसीलदार अक्षय पंकज के समक्ष अपनी मांग रखते हुए कहा कि आपदा के दौरान बंद पड़ी सड़को को खुलवाने में ठेकेदारो ने अपनी मशीनें लगवाई और डंपरों के जरिये बंद पड़ी सड़को को खोलने का काम किया लेकिन आपदा के 6 माह बीतने के बाद भी ठेकेदारो के बिलों का भुगतान नहीं हो पा रहा है।
वहीं इस दौरान लोक निर्माण विभाग के लेखाधिकारी और विभागीय अधिकारियों के बीच भी खूब आरोप- प्रत्यारोप लगे ,बैठक के दौरान तहसीलदार अक्षय पंकज ने लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता से दूरभाष पर वार्ता की, जिसमें अधिशासी अभियंता ने दो दिन के भीतर बिलों के भुगतान का आश्वासन ठेकेदारों को दिया हैं।
स्थानीय ठेकेदारों ने लोक निर्माण विभाग के खण्डीय लेखाधिकारी अरूण कुमार पर आरोप लगाते हुए कहा कि खण्डीय लेखाधिकारी द्वारा जान-बूझ कर उनके बिलों के भुगतान में देरी की जा रही है, जिस पर तहसीलदार अक्षय पंकज ने लोक निर्माण विभाग की सहायक अभियंता बबीता आर्या ,खण्डीय लेखाधिकारी अरुण कुमार और ठेकेदारों के पक्ष को सुना।