रुद्रपुर पुलिस के हत्थे चढ़ा शातिर ठग, 284 लोगों से की थी ठगी, 2 साल से था फरार - Pahadvasi

रुद्रपुर पुलिस के हत्थे चढ़ा शातिर ठग, 284 लोगों से की थी ठगी, 2 साल से था फरार

रुद्रपुर। ट्रांजिट कैंप थाना पुलिस ने करोड़ों रुपए की धोखाधड़ी के मामले में वांछित एक शातिर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान सलीम अहमद उर्फ हाफिज सलीम (65 वर्ष) के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद जिले के ठाकुरद्वारा क्षेत्र का निवासी है। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने 284 लोगों से ठगी को अंजाम दिया और फरार हो गया। आरोपी वर्ष 2024 से फरार चल रहा था। ठगी की राशि 1 करोड़ रुपए से अधिक है। आरोपी के खिलाफ उत्तराखंड और उत्तर प्रदेश में दर्ज दर्जनों मुकदमों में वांछित था।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि, कोतवाली ट्रांजिट कैंप में दर्ज एफआईआर में आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा के तहत मुकदमा दर्ज है। इसके अलावा उस पर उत्तराखंड निक्षेपक (जमाकर्ता हित संरक्षण) अधिनियम-2005 के तहत भी कार्रवाई की जा रही है। आरोप है कि आरोपी ने लोगों को निवेश के नाम पर झांसा देकर बड़ी रकम हड़प ली और बाद में फरार हो गया।

इस मामले में प्रभारी निरीक्षक ट्रांजिट कैंप के नेतृत्व में पुलिस टीम लगातार आरोपी की तलाश में जुटी हुई थी। आखिरकार पुलिस को अहम सुराग मिला, जिसके आधार पर उपनिरीक्षक प्रकाश चंद्र और उनकी टीम ने मुरादाबाद के ठाकुरद्वारा क्षेत्र में दबिश देकर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

पुलिस के अनुसार, आरोपी काफी समय से फरार चल रहा था और अपनी पहचान छिपाकर अलग-अलग स्थानों पर रह रहा था। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को मेडिकल परीक्षण के लिए भेजा गया है और इसके बाद उसे माननीय न्यायालय में पेश किया जाएगा।

वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक अजय गणपति ने बताया कि जिले में अपराधियों के खिलाफ सख्त अभियान चलाया जा रहा है और किसी भी वांछित आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा।  उत्तराखंड के रुद्रपुर में साइबर ठगी का एक और मामला सामने आया है, जहां एक युवक ने मोबाइल पर आए संदिग्ध एपीके लिंक को डाउनलोड कर लिया। इसके बाद उसके बैंक खाते से एक लाख से अधिक की रकम निकाल ली गई। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

प्राप्त जानकारी के मुताबिक, उधम सिंह नगर के रुद्रपुर स्थित ट्रांजिट कैंप थाना के आनंद कुमार सिंह के मोबाइल पर 16 मार्च को व्हाट्सएप के माध्यम से एक ।च्ज्ञ फाइल का लिंक आया था। बिना किसी आशंका के उन्होंने उस लिंक को डाउनलोड कर लिया। इसके अगले दिन यानी 17 मार्च को उनके मोबाइल पर बैंक खाते से पैसे कटने के एसएमएस आने शुरू हो गए। जब तक वह कुछ समझ पाते, उनके खाते से कुल 1लाख 17 हजार 475 रुपए अज्ञात व्यक्ति नेनिकाल लिए गए। ठगी का एहसास होने पर आनंद कुमार सिंह ने तत्काल राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर इसकी शिकायत दर्ज कराई।

पीड़ित ने अपनी तहरीर में बताया कि, यह पूरी घटना एक अज्ञात साइबर ठग ने अंजाम दी है, जिसने उन्हें फर्जी लिंक के जरिए निशाना बनाया। उन्होंने पुलिस से अनुरोध किया है कि आरोपी के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और उनकी रकम वापस दिलाने का प्रयास किया जाए।

मामले की गंभीरता को देखते हुए ट्रांजिट कैंप कोतवाली पुलिस ने तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया है। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक मोहन चंद्र पांडे ने बताया कि, साइबर ठगी के इस मामले में जांच शुरू कर दी गई है और संबंधित तकनीकी साक्ष्यों को जुटाया जा रहा है। पुलिस का कहना है कि ऐसे मामलों में साइबर अपराधी आमतौर पर फर्जी लिंक भेजकर लोगों के मोबाइल में मैलवेयर इंस्टॉल कर देते हैं, जिससे उनके बैंकिंग और निजी जानकारी तक पहुंच बना ली जाती है। इसके बाद खाते से पैसे निकाल लिए जाते हैं।