मंगलवार को पीडब्ल्यूडी ऑफिस में हाईवोल्टेज ड्रामा - Pahadvasi

मंगलवार को पीडब्ल्यूडी ऑफिस में हाईवोल्टेज ड्रामा

-समय पर पेमेंट न होने पर ठेकेदारों ने किया हंगामा

देहरादून/थराली। चमोली जिले के थराली लोक निर्माण विभाग के कार्यालय पर मंगलवार को जबरदस्त हंगामा हुआ। विभाग के ठेकेदारों ने आपदा के दौरान किए कार्यों का भुगतान न होने पर अपना आक्रोश जताते हुए कार्यालय पर तालाबंदी की चेतावनी को पूरी करने की कोशिश की। लेकिन प्रशासन ने आखिरी वक्त में आकर मामले को शांत कराया।

ठेकेदारों ने आरोप लगाया कि, चमोली में आपदा के दौरान लोक निर्माण विभाग के विभागीय अधिकारी ठेकेदारों के सलेक्शन बांड बनवाकर काम करवाते हैं। लेकिन समय बीत जाने के बावजूद भी ठेकेदारों के पेमेंट समय से नहीं करते हैं। आरोप है कि 6 माह बाद भी ठेकेदारों के आपदा के दौरान किए कार्यों का भुगतान अब तक नहीं हुआ है। इसलिए अब ठेकेदारों ने विभाग के कार्यालय पर तालाबंदी करने की योजना बनाई। हालांकि, सूचना मिलने पर स्थानीय प्रशासन मौके पर पहुंचा और प्रभारी तहसीलदार थराली अक्षय पंकज ने मौके पर पहुंचकर ठेकेदारों की मांगें सुनी। ठेकेदारों ने तहसीलदार अक्षय पंकज के सामने अपनी मांगें रखते हुए कहा कि, आपदा के दौरान बंद पड़ी सड़कों को खुलवाने में ठेकेदारों ने अपनी मशीनरी लगवाई और डंपरों के जरिये बंद पड़ी सड़कों को खोलने का काम किया। बावजूद इसके आपदा के 6 माह बाद भी ठेकेदारों के बिलों का भुगतान नहीं हो पा रहा है।

ठेकेदारों ने लोक निर्माण विभाग के खंडीय लेखाधिकारी पर आरोप लगाते हुए कहा कि, लेखाधिकारी द्वारा जानबूझकर उनके बिलों के भुगतान में देरी की जा रही है। जिस पर तहसीलदार अक्षय पंकज ने लोक निर्माण विभाग की सहायक अभियंता कुमारी बबीता, खंडीय लेखाधिकारी अरुण कुमार के पक्ष को भी सुना। हालांकि, वहीं इस दौरान लोक निर्माण विभाग के लेखाधिकारी और विभागीय अधिकारियों ने एक दूसरे पर मामले का ठीकरा फोड़ते हुए खूब आरोप प्रत्यारोप लगाए। इस दौरान तहसीलदार अक्षय पंकज ने लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता से टेलीफोनिक वार्ता की, जिसमें अधिशासी अभियंता ने दो दिन के भीतर बिलों के भुगतान का आश्वासन देकर ठेकेदारों के गुस्से को शांत कराया।